सुषमा स्वराज ने सिद्धू को लगाई ‘झाड़’ : हरसिमरत बादल, सिद्धू बोले-करतारपुर कारिडोर के लिए सुषमा ने दिया अच्छा रिस्पांस

नई दिल्ली, (PNL) : पंजाब के मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू सोमवार को विदेश मंत्री सुषमा स्वराज से मिले और उनसे करतारपुर साहिब गलियारा (कॉरिडोर) को खोलने के लिए पाकिस्तान से वार्ता की पहल करने में मदद मांगी. केंद्रीय मंत्री और अकाली दल नेता हरसिमरत कौर ने दावा किया है कि स्वराज ने इस मसले को ‘गड़बड़’ करने के लिए सिद्धू को फटकार लगाई है. उन्होंने साथ ही आरोप लगाया कि सिद्धू ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने के लिए दी गयी राजनीतिक मंजूरी का ‘दुरूपयोग’ किया. वहीं सिद्धू ने कहा कि उन्हें किसी रह की कोई झाड़ नहीं लगाई गई जबकि सुषमा जी ने इस मामले में अच्छा रिस्पांस दिया है।
हरसिमरत कौर बादल ने कहा, ‘विदेश मंत्री ने करतारपुर साहिब गलियारा वार्ता में गड़बड़ करने के लिए नवजोत सिंह सिद्धू को फटकार लगाई. साथ ही निजी दौरे के लिए दी गयी राजनीतिक मंजूरी का गलत इस्तेमाल कर हमारे सैनिकों की हत्या के लिए जिम्मेदार सेना प्रमुख को गले लगाने के लिए भी सिद्धू को फटकार लगायी गयी.’
सूत्रों ने बताया कि सिद्धू ने एक अन्य वरिष्ठ कांग्रेसी नेता और पूर्व राज्यसभा सदस्य के साथ सुषमा स्वराज से मुलाकात की. सिद्धू ने अपनी पाक यात्रा के दौरान पाकिस्तान सेना प्रमुख कमर जावेद बाजवा के गले मिलकर विवाद पैदा कर दिया था.
मालूम हो कि करतारपुर गुरुद्वारा भारत-पाकिस्तान अंतर्राष्ट्रीय सीमा से लगभग चार किलोमीटर दूर है और भारतीय पंजाब के गुरदासपुर जिले में स्थित डेरा बाबा नानक में सीमा पट्टी के ठीक सामने है, जहां गुरु नानक देव ने 1539 में निधन तक अपने जीवन के 18 साल बिताए थे. अगस्त 1947 में विभाजन के बाद यह गुरुद्वारा पाकिस्तान के हिस्से में चला गया. लेकिन सिख धर्म और इतिहास के लिए यह बड़े महत्व का है.
वहीं विदेश मंत्रालय ने केंद्रीय मंत्री हरसिमरत कौर बादल को करतारपुर साहिब कॉरिडोर को लेकर लिखे खत में कहा है, “सरकार इस मुद्दे को पाकिस्तान के साथ उठा रही है… बहरहाल, पाकिस्तान सरकार ने अब तक न भारतीय तीर्थयात्रियों के करतारपुर साहिब जाने देने को लेकर सहमति जताई है, न कॉरिडोर बनाने को लेकर कोई आधिकारिक सूचना भेजी है…”
Please follow and like us: