मोदी ने लांच की दुनिया की सबसे बड़ी हेल्थ स्कीम ‘आयुष्मान’, कैंसर जैसी बीमारियां भी शामिल

नई दिल्ली, (PNL) : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने झारखंड के रांची से दुनिया की सबसे बड़ी हेल्थ स्कीम आयुष्मान भारत का शुभारंभ किया। इस योजना का लाभ देश के कुल 10.74 करोड़ परिवारों को मिलेगा। अनुमान के अनुसार, इसमें करीब देश के 50 लोग शामिल हैं जो करीब साल में 5 लाख रुपये तक का इलाज मुफ्त में करा सकते हैं। 25 सितंबर को पंडित दीनदयाल उपाध्याय की जयंती पर यह योजना पूरी तरह लागू हो जाएगी।
पीएम ने योजना की जानकारी देते हुए बताया कि कैंसर जैसी 1300 गंभीर बीमारियों को इसमें शामिल किया गया है। इन बीमारियों का इलाज सरकारी ही नहीं प्राइवेट अस्पतालों में भी सुलभ होगा। पीएम ने कहा कि मैं चाहता हूं कि हर गरीब परिवार 14555 हेल्पलाइन नंबर याद रखे। इसपर योजना की सारी जानकारी मिल जाएगी। पीएम ने स्वास्थ्य क्षेत्र में किए जाने वाले कार्यों की जानकारी भी दी।
मोदी ने कहा कि 4 सालों में देश में डेढ़ लाख वेलनेस सेंटर तैयार करने का लक्ष्य है। 4 सालों में देश में 14 नए एम्स की स्वीकृति दी गई। हर राज्य में कम से कम एक एम्स बनाने का काम किया जा रहा है। 82 नए सरकारी मेडिकल कॉलेज बनाए जा रहे हैं। भविष्य में एक लाख डॉक्टर तैयार करने की क्षमता विकसित होगी। पीएम ने अंत में कहा कि न्यू इंडिया स्वस्थ हो, न्यू इंडिया सशक्त हो, आप सभी आरोग्य रहें आयुष्मान रहें, यही कामना है।
अभी देश के 29 राज्यों/केंद्रशासित प्रदेशों के 445 जिलों में यह योजना लागू होने जा रही है। ओडिशा और पश्चिम बंगाल जैसे कुछ राज्यों ने अभी इसे नहीं अपनाया है, जिससे वहां के लोगों को इस योजना से वंचित रहना पड़ेगा।
किन राज्यों में फिलहाल लागू नहीं?
दिल्ली, पश्चिम बंगाल, ओडिशा, केरल, तेलंगाना और पंजाब ने अभी इस योजना के लिए केंद्र के साथ मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैडिंग (MoU) पर दस्तखत नहीं किए हैं। ये राज्य इसी तरह की खुद की योजना चाहते हैं, कुछ में पहले से ही इस तरह की योजना चल रही है।
कैसे करें क्लेम?
सरकार के पैनल में शामिल हर अस्पताल में ‘आयुष्मान मित्र हेल्प डेस्क’ होगा। वहां लाभार्थी अपनी पात्रता को डॉक्युमेंट्स के जरिए वेरिफाई कर सकेगा। इलाज के लिए किसी स्पेशल कार्ड की जरूरत नहीं पड़ेगी, सिर्फ लाभार्थी को अपनी पहचान स्थापित करनी होगी। पात्र लाभार्थी को इलाज के लिए अस्पताल को एक पैसे भी नहीं देने होंगे। इलाज पूरी तरह कैशलैश होगा।
कैसे चेक करें अपना नाम?
योजना को संचालित करने वाली नैशनल हेल्थ एजेंसी (NHA) ने एक वेबसाइट और हेल्पलाइन नंबर लॉन्च किया है, जिसके जरिए कोई भी यह जांच सकता है कि लाभार्थियों की फाइनल लिस्ट में उसका नाम शामिल है या नहीं। लिस्ट में अपना नाम जांचने के लिए आप mera.pmjay.gov.in वेबसाइट देख सकते हैं या हेल्पलाइन नंबर 14555 पर कॉल कर सकते हैं।
अभी किन लोगों को मिलेगा लाभ?
2011 के सामाजिक-आर्थिक और जाति जनगणना में गरीब के तौर पर चिह्नित किए गए सभी लोगों को इसके लिए पात्र माना गया है। इसका मतलब यह भी है कि अगर कोई शख्स 2011 के बाद गरीब हुआ है तो वह इसके फायदे से वंचित हो जाएगा। बीमा कवर के लिए उम्र की भी बाध्यता नहीं रहेगी, न ही परिवार के आकार को लेकर कोई बंदिश है। इसका मकसद सभी गरीबों को हेल्थ प्रोग्राम से जोड़ना है।
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