पुलवामा अटैक का असर : पैसेंजर ट्रेन में दो कश्मीरी युवकों की पिटाई, स्टेशन पर उतारा

रोहतक, (PNL) : पैसेंजर ट्रेन में दो कश्मीरी युवकों की पिटाई करने और गाली गलौज करते हुए उन्हें धक्का देकर स्टेशन पर उतार दिए जाने का मामला सामने आया है। घटना से दोनों पीड़ित काफी घबराए हुए हैं। मामला हरियाणा के रोहतक का है। दिल्ली के नांगलोई रेलवे स्टेशन से शाल-लोई की तीन गठरियों के साथ दिल्ली-रोहतक पैसेंजर ट्रेन में सवार हुए दो कश्मीरी युवकों को यात्रियों ने मंगलवार दोपहर मारपीट कर स्टेशन पर उतार दिया।
पिटाई से घायल दोनों युवकों ने फोन करके रोहतक के कमला नगर में रह रहे अपने दो साथियों को सूचना दी। इसके बाद दोनों ने ट्रेन के रोहतक आने पर गठरियों को लेना चाहा, तो वे बोगी में नहीं मिली। इधर उधर तलाशने पर भी उनका सुराग नहीं लगा। तीनों गठरियों के अंदर रखे माल की कीमत डेढ़ से दो लाख रुपये बताई जा रही है। उन्होंने आरपीएफ थाने में इसकी सूचना दी।
आरपीएफ इंस्पेक्टर आरके ओझा का कहना है कि कश्मीरी युवकों के साथ मारपीट का मामला नांगलोई का मामला है, तो मारपीट की सूचना वहीं दी गई होगी। हां, रोहतक रेलवे स्टेशन पर उनके साथी ट्रेन में सामान देखने के लिए आए थे, इसकी जानकारी हमें है। अब ट्रेन के अंदर सामान मिला या नहीं, वही जानें।
ऐसे हुई घटना
रोहतक के कमला नगर में किराये पर रहने वाले मुदस्सिर अहमद और जाबिद निवासी कुलगाम जम्मू-कश्मीर ने बताया कि सर्दी के मौसम में कश्मीर के लोग शाल-लोई आदि सामान बेचने के लिए दिल्ली व हरियाणा आते हैं। सभी शहर में फेरी लगाकर अपना सामान बेचते हैं। मंगलवार को दिल्ली में रहने वाले उनके रिश्ते के भाई ताहिर खान व नदीम निवासी कुलगांवा शाल-लोई की तीन बड़ी गठरी रोहतक में बेचने के लिए नांगलोई रेलवे स्टेशन लेकर पहुंचे।
पैसेंजर ट्रेन के आने पर दोनों भाई रोहतक आने के लिए पैसेंजर ट्रेन में सवार हो गए। जब ट्रेन में मौजूद यात्रियों को उनके कश्मीरी होने का पता चला तो उनके साथ मारपीट शुरू कर दी गई। गाली-गलौज करते हुए जैसे ही ट्रेन रवाना हुई धक्का मारकर ट्रेन से उतार दिया गया। दोनों भाइयों ने सामान की गठरी उतारने का प्रयास किया तो उनको दोबारा से धक्का दे दिया। घायल भाइयों ने फोन पर उन्हें जानकारी देते हुए रोहतक स्टेशन पर ट्रेन के अंदर से गठरी उतारने के लिए कहा।
फिर दोनों भाइयों ने नांगलोई के नजदीकी अस्पताल में उपचार करवाया। मुदस्सिर व जाबिद ने बताया कि वह तुरंत रेलवे स्टेशन पर आ गए। उन्होंने आरपीएफ को नांगलोई में हुई घटना की जानकारी देते ट्रेन के अंदर गठरी होने की जानकारी दी। ट्रेन प्लेटफार्म नंबर तीन पर आई तो उन्होंने ट्रेन के हर कोच के अंदर गठरियों को तलाशा, मगर नहीं मिली।
Please follow and like us: